EPF New Rules 2026: 15 हजार की सैलरी वालों के लिए क्या बदला? यहां देखें नए नियम
हाल ही में आये EPF के नए नियमों के अनुसार, यदि आपकी बेसिक सैलरी 15000 रुपये से ज्यादा है, तो अब उस अतिरिक्त रकम पर EPF कटवाना अनिवार्य नहीं होगा। वहीं EPF से जुड़े किसी भी क्लेम के लिए अब UAN का आधार, पैन और बैंक अकाउंट से लिंक होना अनिवार्य होगा।
EPF New Rules 2026 in Hindi: देश के PF खाताधारकों को हाल ही आए नए नियमों के बारे में जानना बेहद आवश्यक है क्योंकि PF नियमों में बड़ा बदलाव देखने को मिला है. EPF योजना, 2026 के तहत अनिवार्य कर्मचारी कंट्रीब्यूशन 1800 रुपये यानी 15 हजार तक की बेसिक सैलरी वालों के लिए 12 प्रतिशत तय किया गया है. बता दें कि नया नियम 74 साल पुराने EPF स्कीम 1952 का स्थान लिया है।
इस लिमिट से ऊपर EPF कटेगा या नहीं? अब फैसला आपका
यदि आपकी बेसिक सैलरी 15000 रुपये से ज्यादा है, तो अब उस अतिरिक्त रकम पर EPF कटवाना अनिवार्य नहीं होगा। नए नियम के तहत कर्मचारी और कंपनी, दोनों चाहें तो सिर्फ 15000 रुपये की तय सीमा तक ही EPF में योगदान कर सकते हैं। यानी अब ज्यादा कंट्रीब्यूशन पूरी तरह आप पर निर्भर करेगा।
इन हैंड सैलरी बढ़ने का मौका
अब अनिवार्य EPF योगदान अधिकतम 1800 रुपये प्रति माह (15000 का 12%) तक सीमित रहेगा। ऐसे में यदि आप अतिरिक्त EPF कंट्रीब्यूशन नहीं चुनते हैं, तो हर महीने आपके हाथ में पहले से ज्यादा सैलरी आ सकती है।
जरूरत पड़ने पर ज्यादा पैसा निकाल सकेंगे
नए नियमों के मुताबिक EPFO सदस्य अपने पात्र फंड का 100 प्रतिशत तक निकाल सकेंगे। हालांकि, रिटायरमेंट की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए कुल योगदान का कम से कम 25% हिस्सा EPF खाते में रखना अनिवार्य रहेगा।
क्लेम के लिए क्या है अनिवार्य
EPF से जुड़ा कोई भी क्लेम करने के लिए अब UAN का आधार, पैन (PAN) और बैंक खाते से लिंक होना अनिवार्य होगा। वहीं अच्छी बात यह है कि क्लेम की पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन होगी और पात्र मामलों में पैसा ऑटो-सेटलमेंट के जरिए डायरेक्ट बैंक अकाउंट में ट्रांसफर किया जा सकेगा।
क्या कंपनियों के लिए भी बदले नियम?
अब हर कंपनी को EPF स्कीम लागू होने के 15 दिनों के भीतर Form V जमा करना होगा। इसमें कर्मचारियों का आधार, पैन, UAN, ग्रॉस सैलरी और EPF वेतन जैसी डिटेल्स देना अनिवार्य होगा।
पुराने मामलों का भी होगा समाधान
सरकार ने नई EPF स्कीम 2026 के साथ तीन विशेष अभियान भी शुरू किए हैं। इनका उद्देश्य पुराने विवाद, लंबित क्लेम और अनुपालन से जुड़े मामलों का तेजी से समाधान किया जायेगा।
इस बदलाव का क्या होगा असर
यदि आपकी बेसिक सैलरी 15 हजार रुपये से ज्यादा है, तो अब ऐसे में आपके पास स्वंतंत्र विकल्प होगा कि या तो ज्यादा EPF जमा करके भविष्य के लिए बड़ा रिटायरमेंट फंड तैयार करें, या अतिरिक्त कटौती से बचकर हर महीने ज्यादा इन हैंड सैलरी लें, ये फैसला अब पूरी तरह आप पर होगा।
Bagesh Yadav is a journalist and current affairs analyst with over six years of experience in education journalism, national and international affairs, and digital media. He has contributed to India’s leading knowledge platforms, including Vision IAS and Only IAS, and currently serves in a senior editorial role at Jagranjosh.com, where he leads coverage across the Current Affairs and General Knowledge sections. His expertise spans breaking news, government policy analysis, world affairs, sports updates, science and technology, and visually engaging infographics. Known for his commitment to factual accuracy, editorial integrity, and audience-first storytelling, Bagesh delivers well-researched, accessible, and impactful journalism that serves millions of students, competitive exam aspirants, and informed readers across India.